इटावा। इटावा के ब्लॉक चकरनगर अंतर्गत ग्राम पथर्रा में वित्तीय साक्षरता सप्ताह के अंतर्गत वित्तीय साक्षरता कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने सहभागिता की। कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीणों को बैंकिंग सेवाओं,सामाजिक सुरक्षा योजनाओं एवं वित्तीय समावेशन की जानकारी प्रदान करना था।
इस अवसर पर नाबार्ड के अनुदान सहयोग से इटावा जिला सहकारी बैंक द्वारा संचालित मोबाइल एटीएम वैन को भी ग्रामीणों की सेवा में प्रस्तुत किया गया। इस पहल के माध्यम से दूरस्थ गांवों में नगद निकासी, बैलेंस जांच एवं अन्य बुनियादी बैंकिंग सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। नाबार्ड के वित्तीय सहयोग से इटावा जिला सहकारी बैंक द्वारा चलाई जा रही यह मोबाइल वैन जिले में वित्तीय समावेशन को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है और बैंक की सक्रिय भूमिका को दर्शाती है।
कार्यक्रम में अरुण कुमार,जिला विकास प्रबंधक,नाबार्ड मयूर ठेले, लीड जिला प्रबंधक जे.के. कनौजिया,पूर्व मुख्य प्रबंधक,सेंट्रल बैंक; स्थानीय बैंक प्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
अपने संबोधन में अरुण कुमार डी.डी.एम. नाबार्ड ने कहा कि नाबार्ड का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में बैंकिंग सेवाओं की पहुंच बढ़ाना है। उन्होंने प्रधानमंत्री जन-धन योजना,प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना एवं अटल पेंशन योजना की संक्षिप्त जानकारी देते हुए ग्रामीणों को नियमित बचत एवं बीमा सुरक्षा अपनाने के लिए प्रेरित किया।
मयूर ठेले एल.डी. एम.ने ग्रामीणों को बैंकिंग सुविधाओं का लाभ लेने, के.वाई.सी.पूर्ण रखने एवं साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक रहने की सलाह दी। जे.के. कनौजिया ने कहा कि सहकारी बैंक ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं और एटाावा जिला सहकारी बैंक द्वारा मोबाइल एटीएम वैन के माध्यम से गांव-गांव बैंकिंग सेवा पहुंचाना वित्तीय समावेशन की दिशा में सराहनीय प्रयास है। उन्होंने किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड एवं अन्य ऋण योजनाओं का लाभ लेने हेतु प्रेरित किया।
कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों की जिज्ञासाओं का समाधान किया गया तथा वित्तीय साक्षरता सामग्री का वितरण किया गया।
यह पहल इटावा जिला सहकारी बैंक एवं नाबार्ड के संयुक्त प्रयासों से जिले में वित्तीय समावेशन को मजबूत करने की दिशा में एक प्रभावी कदम सिद्ध हो रही है।
नाबार्ड अनुदान से मोबाइल एटीएम वैन की शुरूआत
