इटावा। उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, इटावा द्वारा विकास भवन स्थित प्रेरणा सभागार में वृहद विधिक साक्षरता एवं सेवा शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का उद्देश्य निर्बल वर्ग, दिव्यांगजन, बच्चों, महिलाओं, निर्धन वर्ग, असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों एवं अनुसूचित जनजाति के लोगों को विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्रदान करना तथा पात्र लाभार्थियों का चिन्हीकरण करना रहा।

कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के चित्र पर दीप प्रज्ज्वलन एवं माल्यार्पण के साथ हुआ। इस अवसर पर कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय की छात्राओं ने सरस्वती वंदना, स्वागत गीत एवं नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत कर उपस्थित जनसमूह को जागरूक किया।
मुख्य अतिथि जनपद न्यायाधीश ने अपने संबोधन में कहा कि 6 से 14 वर्ष तक के बच्चों के लिए शिक्षा का अधिकार अधिनियम के अंतर्गत निःशुल्क एवं अनिवार्य शिक्षा का प्रावधान है। उन्होंने बताया कि सर्वोच्च न्यायालय ने शिक्षा के अधिकार को मौलिक अधिकारों से जोड़ा है। उन्होंने कहा कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा पात्र व्यक्तियों को निःशुल्क कानूनी सलाह एवं अधिवक्ता उपलब्ध कराए जाते हैं। उन्होंने समाज से आह्वान किया कि बेटा-बेटी में भेदभाव न करें तथा महिलाओं के स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दें।

जिलाधिकारी ने अपने उद्बोधन में कहा कि यह शिविर जागरूकता एवं सेवा का संगम है, जहां विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं की जानकारी और लाभ प्रदान किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि जनपद में शिक्षा विभाग द्वारा 1865 बच्चों का नामांकन कराया गया है। साथ ही उन्होंने जानकारी दी कि सैफई मेडिकल कॉलेज में सर्वाइकल कैंसर की वैक्सीन निःशुल्क लगाई जा रही है, जिसका लाभ बालिकाओं को अवश्य लेना चाहिए। उन्होंने नागरिकों से न्याय संबंधी जानकारी प्राप्त कर त्वरित न्याय का लाभ लेने का आग्रह किया।

शिविर के दौरान श्रम विभाग सहित अन्य विभागों के अधिकारियों ने अपनी-अपनी योजनाओं की जानकारी दी। बताया गया कि आपदा पीड़ितों को निःशुल्क विधिक सहायता उपलब्ध कराई जाती है तथा लोक अदालत के माध्यम से भी वादों का निस्तारण कराया जा सकता है। दिव्यांगजन विभाग द्वारा ट्राईसाइकिल एवं अन्य सहायक उपकरण वितरित किए गए।

कार्यक्रम में समाज कल्याण विभाग, जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग, जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग, कृषि विभाग, नेडा एवं पंचायती राज विभाग सहित विभिन्न विभागों द्वारा स्टॉल लगाकर योजनाओं की जानकारी दी गई।

इस अवसर पर जनपद न्यायाधीश रजत सिंह जैन, जिलाधिकारी शुभ्रान्त कुमार शुक्ल, मुख्य विकास अधिकारी अजय कुमार गौतम, पीठासीन अधिकारी एनएसीटी रामचन्द्र यादव, अपर जिला जज आलोक कुमार, एडीजे द्वितीय संजय कुमार, उमेश यादव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव आरती द्विवेदी सहित जनपद के समस्त जिला स्तरीय अधिकारी, अधिवक्ता एवं बड़ी संख्या में लाभार्थी उपस्थित रहे।

