इटावा। शरीफ मंजिल सैदबाड़ा में हुआ मजलिस का आयोजन
इटावा। रसूल अल्लाह की इकलौती मज़लूमा बेटी फ़ातिमा ज़हरा की शहादत पर राहत अक़ील शक्कन की ओर से शरीफ मंज़िल सैदबाड़ा इटावा में चल रहे खमसे की चौथी मजलिस का आयोजन किया गया जिसका शुभारंभ सलीम रज़ा,ज़हूर नक़वी ने सोजख्वानी से किया।
मजलिस में तक़रीर करते हुए मौलाना तालिब हुसैनी कानपुर ने कहा कि अल्लाह जिसके सदके में कायनात बनाये उसे फ़ातिमा ज़हरा कहते हैं। आसमान पर नबी हजरत आदम ने पंजतन की पहचान अल्लाह के जरिये कराई और अल्लाह ने पंजतन की पहचान फ़ातिमा ज़हरा के जरिये कराई और अल्लाह ने फरमाया कि आदम की नजर में जो मर्तबा मेरा है मेरी नजर में वही मर्तबा फ़ातिमा ज़हरा का है। अल्लाह का कानून दुनिया के लिए अलग और एहलेबैत के लिए अलग है। जब आदम जन्नत से दुनिया में जा रहे थे तो अल्लाह ने उनसे जन्नत के कपड़े वापस ले लिए और जब ईद पर इमाम हसन और हुसैन ने अपनी मां फ़ातिमा ज़हरा से नए कपड़ों की फरमाइश की तो अल्लाह ने उनके लिए जन्नत से कपड़े भेज दिए। मौलाना तालिब हुसैनी ने कहा मौला अली और फ़ातिमा ज़हरा को अल्लाह ने जो मर्तबा दिया वो मर्तबा कयामत तक किसी को नहीं मिलेगा। रसूल अल्लाह और मौला अली घर के बाहर इल्म के दावे करते थे और फ़ातिमा ज़हरा घर में इल्म की दलील देती थीं। रसूल अल्लाह की मज़लूमा बेटी फ़ातिमा ज़हरा का हक छीना गया और उनके ऊपर बेपनाह जुल्म ढाए गए।
मौलाना अनवारुल हसन जैदी,तनवीर हसन ने फ़ातिमा ज़हरा की शान में कलाम पेश किए।
मजलिस में अल्हाज कमर अब्बास नकवी करबलाई, हाजी अरशद मरगूब, नजमुल हसन,शावेज़ नक़वी,परवेज़ हसनैन, इमरान वारसी,आदिल अख्तर गुडडू,दबीरुल हसन,अयाज हुसैन,शीलू, सोनू नक़वी,जीशान हैदर, मो.हुसैन राहिल,शौजब रिज़वी,तसवीर हैदर,सफीर हैदर,मो.जुनैद,मो.जावेद, शाहिद,कलीम वारसी, राहिल सग़ीर,राशिद हुसैन, मुहब्बे अली,अदनान जाफरी,सैफू,फ़ातिक, हम्माद,वफ़ा नक़वी सहित बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया।
अल्लाह ने फ़ातिमा ज़हरा के जरिये एहलेबैत की कराई पहचान:मौलाना हुसैनी
