सैफई,इटावा। उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय (यूपीयूएमएस), सैफई के शल्य गैस्ट्रोएंटरोलॉजी विभाग में एक गंभीर बीमारी से पीड़ित मरीज का सफल उपचार कर एक महत्वपूर्ण उपलब्धि प्राप्त की गई है। 39 वर्षीय पुरुष मरीज पूरन मल (आईपीडी संख्या: 981182025061224) को द्वितीय भाग ड्यूडेनल एडेनोकार्सिनोमा (कैंसर) से उत्पन्न गंभीर जटिलताओं के कारण यूपीयूएमएस, सैफई में भर्ती किया गया था।
मरीज पिछले तीन महीनों से गंभीर एनीमिया,अत्यधिक कमजोरी,भूख न लगना, वजन में कमी तथा बार-बार काले रंग का मल (मलीना) आने जैसी शिकायतों से पीड़ित था। उसके निवास क्षेत्र के आसपास इस जटिल बीमारी के इलाज की कोई सुविधा उपलब्ध नहीं थी। ऐसे में वह परामर्श हेतु यूपीयूएमएस,सैफई की ओपीडी में आया,जहां विस्तृत जांच के उपरांत उसे शल्य चिकित्सा के लिए भर्ती किया गया।
शल्य क्रिया से पूर्व मरीज को 6 यूनिट ब्लड पीआरबीसी (पैक्ड रेड ब्लड सेल्स) ट्रांसफ्यूजन देकर ऑपरेशन के लिए उपयुक्त स्थिति में लाया गया। इसके पश्चात यूपीयूएमएस,सैफई के शल्य चिकित्सा गैस्ट्रोएंटरोलॉजी विभागाध्यक्ष एवं सहायक प्रोफेसर डॉ.कन्हैयालाल चौधरी के नेतृत्व में उनकी विशेषज्ञ टीम द्वारा अत्यंत जटिल व्हिपल (पैंक्रियाटिकोडूडेनेक्टमी) ऑपरेशन सफलतापूर्वक किया गया।
ऑपरेशन के पश्चात उत्पन्न हुई मामूली जटिलताओं का संरक्षणात्मक उपचार किया गया और मरीज बिना किसी गंभीर दुष्परिणाम के अच्छी तरह स्वस्थ हो गया। यह सफल शल्यक्रिया 24 को यूपीयूएमएस,सैफई में संपन्न हुई।
यह भी उल्लेखनीय है कि आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत मरीज के संपूर्ण उपचार एवं ऑपरेशन का खर्च पूर्णतःनिःशुल्क रहा। इलाज के दौरान मरीज से किसी भी प्रकार की धनराशि नहीं ली गई।
मरीज के परिजनों ने उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय,सैफई के चिकित्सकों,नर्सिंग स्टाफ तथा शल्य गैस्ट्रोएंटरोलॉजी विभाग की पूरी टीम के प्रति गहरा आभार व्यक्त किया है। यह सफलता यूपीयूएमएस,सैफई की उन्नत चिकित्सा सुविधाओं, अनुभवी चिकित्सकीय नेतृत्व एवं जनकल्याणकारी स्वास्थ्य योजनाओं की प्रभावशीलता को दर्शाती है।
