इटावा। पान कुँवर इंटरनेशनल स्कूल में 1 मई को मजदूर दिवस के उपलक्ष्य में एक गरिमामय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर विद्यालय के समस्त सपोर्टिंग स्टाफ—सफाई कर्मचारी, ड्राइवर, माली एवं अन्य सहयोगी कर्मचारियों—को उनके समर्पण एवं उत्कृष्ट सेवाओं के लिए सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में श्रमिकों के योगदान के प्रति सम्मान एवं कृतज्ञता प्रकट करना रहा।
कार्यक्रम में मजदूर दिवस के ऐतिहासिक महत्व पर भी प्रकाश डाला गया। बताया गया कि वर्ष 1886 में शिकागो में हुए श्रमिक आंदोलन के दौरान 8 घंटे कार्यदिवस की मांग को लेकर संघर्ष किया गया था। उसी संघर्ष की स्मृति में प्रतिवर्ष 1 मई को मजदूर दिवस मनाया जाता है, जो श्रमिकों के अधिकारों और सम्मान का प्रतीक है।
इस अवसर पर प्रधानाचार्य डॉ. कैलाश यादव ने अपने संबोधन में कहा कि किसी भी संस्था की सफलता केवल शिक्षकों या प्रबंधन के प्रयासों से नहीं, बल्कि प्रत्येक कर्मचारी के संयुक्त योगदान से संभव होती है। उन्होंने कहा कि विद्यालय का सपोर्टिंग स्टाफ इसकी मजबूत नींव है, जिनके परिश्रम, अनुशासन और समर्पण से ही विद्यालय की व्यवस्था सुचारु रूप से संचालित होती है।
उन्होंने आगे कहा कि मजदूर दिवस हमें हर श्रमिक का सम्मान करने और उनके अधिकारों के प्रति सजग रहने की प्रेरणा देता है। साथ ही यह भी आवश्यक है कि उन्हें सुरक्षित कार्य वातावरण, उचित सम्मान और समान अवसर प्राप्त हों।
कार्यक्रम के अंत में सभी कर्मचारियों को अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया गया। यह आयोजन सभी के लिए प्रेरणादायक एवं उत्साहवर्धक रहा।
पान कुँवर इंटरनेशनल स्कूल में मजदूर दिवस पर श्रमिकों का सम्मान
