इटावा। शहर के शिव शक्ति दुर्गा मंदिर, शिवा कॉलोनी में आयोजित श्रीमद्भागवत सप्ताह ज्ञान यज्ञ के चतुर्थ दिवस पर पूज्य आचार्य महेश चंद्र पाण्डेय जी महाराज ने राजा बलि और भगवान वामन के पावन प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन किया। उन्होंने बताया कि राजा बलि दानवीर, धर्मनिष्ठ एवं प्रजावत्सल राजा थे। भगवान विष्णु ने वामन अवतार धारण कर तीन पग भूमि का दान मांगा और तीनों लोकों को अपने चरणों से नाप लिया। तीसरे चरण के लिए राजा बलि ने अपना शीश अर्पित कर दिया। आचार्य श्री ने कहा कि भगवान के प्रति समर्पण, विनम्रता और सत्य का पालन ही जीवन का सबसे बड़ा धर्म है।

कथा के अंत में भगवान श्रीकृष्ण जन्मोत्सव का अत्यंत मनोहारी आयोजन किया गया। जैसे ही भगवान श्रीकृष्ण के जन्म का प्रसंग आया, पूरा पंडाल “नंद के आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की” के जयघोष से गूंज उठा। श्रद्धालुओं ने फूलों की वर्षा कर भगवान का स्वागत किया तथा भजन-कीर्तन और झूमते हुए जन्मोत्सव की खुशियां मनाईं। वातावरण भक्तिमय हो उठा और श्रद्धालु भक्ति रस में सराबोर हो गए।

कथा का आयोजन एडवोकेट अनिल कुमार गौर एवं उनकी पत्नी मंजू गौर (पूर्व अध्यक्ष, जिला बार एसोसिएशन इटावा, प्रदेश उपाध्यक्ष ऑल इंडिया लॉयर्स यूनियन एवं अध्यक्ष जनता इंटर कॉलेज, मीठेपुर) के परीक्षितत्व में किया जा रहा है। यज्ञकर्ता एडवोकेट मनोज कुमार सिंह गौर एवं उनकी पत्नी ममता गौर तथा प्रबंधक जनता इंटर कॉलेज, मीठेपुर हैं।
इस अवसर पर सहायक कथा वाचक आचार्य सौरभ पांडे, गौरव पांडे, पैड प्लेयर मोहित पांडे, नाल वादक छोटू पांडेय, एडवोकेट अनुराग गौर,अरविंद धनगर, डॉ. गुलाबचंद चतुर्वेदी डॉ.दीपा गौर अदिति आई हॉस्पिटल सिविल लाइन सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं श्रोतागण उपस्थित रहे।
