प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिले इटावा के पैरा एथलीट अजीत सिंह यादव, एशियन पैरा गेम्स के रजत पदक विजेता ने साझा किए अनुभव

इटावा। जनपद इटावा के अंतरराष्ट्रीय पैरा एथलीट एवं हाल ही में आयोजित एशियन पैरा गेम्स 2026 में रजत पदक विजेता अजीत सिंह यादव ने 5 नवंबर को नई दिल्ली में देश के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। एशियन पैरा गेम्स 2026 में भारतीय दल के ऐतिहासिक प्रदर्शन के बाद प्रधानमंत्री ने इंदिरा गांधी इंडोर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में देश के पैरा एथलीटों के साथ विशेष संवाद किया। इस दौरान अजीत सिंह यादव भी भारतीय पैरा एथलीटों के प्रतिनिधिमंडल में शामिल रहे।

एशियन पैरा गेम्स 2026 में पुरुषों की भाला फेंक F46 स्पर्धा में रजत पदक जीतने वाले अजीत सिंह यादव ने प्रधानमंत्री के साथ अपने खेल अनुभव साझा किए। इस मुलाकात के दौरान प्रधानमंत्री ने सभी खिलाड़ियों को उनकी शानदार उपलब्धियों के लिए बधाई दी तथा उनके संघर्ष, मेहनत और समर्पण की सराहना की। उन्होंने खिलाड़ियों की सफलता में उनके परिवारों, प्रशिक्षकों और कोचों के योगदान को भी महत्वपूर्ण बताया।

इस अवसर पर भारत ने एशियन पैरा गेम्स में कुल 114 पदक जीतकर अब तक का अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया। भारतीय खिलाड़ियों ने 30 स्वर्ण, 35 रजत और 49 कांस्य पदक हासिल किए। प्रधानमंत्री ने इस उपलब्धि का उल्लेख करते हुए कहा कि वर्ष 2010 में भारत ने पैरा एशियन गेम्स में केवल 14 पदक जीते थे, जबकि आज भारतीय खिलाड़ी 114 पदकों तक पहुंच चुके हैं। यह देश के पैरा खेलों में निरंतर बढ़ते प्रदर्शन और खिलाड़ियों की कड़ी मेहनत का परिणाम है।

प्रधानमंत्री से चौथी बार मिले अजीत सिंह यादव

प्रधानमंत्री से मुलाकात के बाद अजीत सिंह यादव ने समाचार एजेंसी ANI से बातचीत में बताया कि वह वर्ष 2019 से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं और प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी से उनकी यह चौथी मुलाकात थी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री का खिलाड़ियों के प्रति निरंतर जुड़ाव और उनका उत्साहवर्धन सभी खिलाड़ियों के लिए बेहद प्रेरणादायक है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री हमेशा खिलाड़ियों से मिलने, उनकी उपलब्धियों को जानने और उनका उत्साह बढ़ाने के लिए समय निकालते हैं। इस तरह का प्रोत्साहन खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाता है और उन्हें भविष्य में देश के लिए और बेहतर प्रदर्शन करने की प्रेरणा देता है।

अजीत सिंह यादव ने आगे बताया कि अब सभी खिलाड़ियों का अगला लक्ष्य लॉस एंजिल्स पैरालंपिक 2028 है। इसके लिए तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। सभी खिलाड़ी भारत के लिए अधिक से अधिक पदक जीतने और देश की पदक तालिका को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

किसान परिवार से निकलकर अंतरराष्ट्रीय खेल जगत में बनाई पहचान

अजीत सिंह यादव का जीवन संघर्ष, साहस और दृढ़ इच्छाशक्ति की मिसाल है। जनपद इटावा के एक साधारण किसान परिवार से निकलकर अंतरराष्ट्रीय खेल जगत में अपनी पहचान बनाने वाले अजीत सिंह ने जीवन की कठिन चुनौतियों को पार करते हुए देश के लिए कई महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं।

वर्ष 2017 में एक रेल दुर्घटना में अपना बायां हाथ गंवाने के बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और खेल के क्षेत्र में नई शुरुआत की। वर्ष 2019 में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदार्पण करने के बाद उन्होंने लगातार भारत के लिए पदक जीतकर देश का गौरव बढ़ाया। वर्ष 2024 में पेरिस पैरालंपिक में रजत पदक जीतकर उन्होंने इतिहास रचा। उनकी इस उपलब्धि के लिए वर्ष 2025 में भारत सरकार ने उन्हें प्रतिष्ठित अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित किया।

वर्ष 2026 में एशियन पैरा गेम्स में रजत पदक जीतकर उन्होंने अपनी उपलब्धियों में एक और महत्वपूर्ण अध्याय जोड़ दिया।

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के साथ अजीत सिंह यादव की यह मुलाकात न केवल उनके व्यक्तिगत खेल जीवन का यादगार अवसर रही, बल्कि पूरे इटावा जनपद के लिए भी गर्व का विषय बनी। उनकी उपलब्धियां जिले के युवाओं और दिव्यांग खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं। उनका सफर यह संदेश देता है कि मजबूत इच्छाशक्ति, निरंतर मेहनत और आत्मविश्वास के बल पर जीवन की कठिन से कठिन चुनौतियों को पार कर सफलता की नई ऊंचाइयां हासिल की जा सकती हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *