इटावा। हज़रत हसन अ.स.के बेटे और हज़रत हुसैन अ.स.के भतीजे जो तेरह वर्ष की उम्र में जंग के दौरान ज़ुल्म के सामने सर न झुकाने पर करबला में हज़रत कासिम को ज़ालिमों ने शहीद कर दिया था,उन्ही की याद में बुधवार आठ मोहर्रम को रात्रि को बहुत ही अदब के साथ इस साल भी मेंहदी जुलूस निकाला गया।मेंहदी चौकियों को दरगाह अबुल हसन शाह वारसी में सजाया गया।

मातमी धुनों से मेंहदी चौकियों को नम आंखों से सलामी दी गई।इमाम बारगाह दरगाह शरीफ में मेंहदी चौकियों को पेश कर अकीदतमंदों ने दुआये मांगी।परंपरागत तरीके से मेंहदी चौकियों को ट्रस्ट के सदस्य दानिश वारसी के बेटे हाफिज़ हुसैन वारिस वारसी,शहज़ाद वारसी के बेटे नवाज़ वारसी आदि लोग मेंहदी की क़दीमी जगह मस्जिद पंजाबियान के पास कटरा शहाब खाँ में बहुत ही अदब के साथ ले गए,वहां मौजूद साजिद हुसैन वारसी,अरशद वारसी आदि के परिवारजनों ने मेंहदी चौकियों को अदब के साथ रखा।जैसे ही मेंहदी अपनी क़दीमी जगह पर पहुंची पहले से मौजूद शहर के मशहूर बैंडों ने मातमी धुनों से मेंहदी को सलामी दी।यहां पर साजिद हुसैन ने साफा पहनाकर लोगों का स्वागत किया।इस मौके पर अफज़ल वारसी,ख़ादिम अब्बास,हाजी मुईन उद्दीन मंसूरी,माजिद हुसैन वारसी,रौनक इटावी,नदीम अहमद खां एडवोकेट,हैदर हुसैन वारसी,मशहूद वारसी,सरवर वारसी,मैराज अली ख़ान एडवोकेट,मसूद तैमूरी,फईम अब्बास एडवोकेट,इकरार अहमद,अकरम वारसी,इरशाद अली,मुनीर वारसी,अरहम हुसैन आदि काफी संख्या में लोग मौजूद रहे।सलामी के बाद मेंहदी जुलूस को साजिद हुसैन वारसी ने हरीझंडी दिखाकर शहर भ्रमण के लिए रवाना किया।दूसरी ओर से दरगाह हजरत सैयद अबुल हसन शाह वारसी इमाम बारगाह के बाहर से जुलूस के आयोजक दरगाह शरीफ के सेक्रेटरी हसनैन वारिस वारसी,
सीओ सिटी अवनीश कुमार सिंह,सदर तहसीलदार राजकुमार सिंह,शहर कोतवाल यशवंत सिंह ने मेंहदी जुलूस को झंडी दिखाकर रवाना किया।दरगाह शरीफ की ओर से सेक्रेटरी श्री वारसी ने भी लोगों का साफा पहनाकर स्वागत किया।मेंहदी जुलूस की बहुत ही बुज़ुर्ग अहरामपोश महबूब शाह वारसी की सरपरस्ती रही।मेंहदी जुलूस का शहर में जगह-जगह अकीदतमन्दों ने इस्तकबाल किया।जुलूस में अलम,चौकी,मेंहदी और बैंड शामिल रहे।बैंडों पर शहीदाने कर्बला के मरसियों सहित इस्लाम जिंदा रहता है कर्बला के बाद,अली का दामन नहीं छोड़ेंगे,हुसैन जिंदाबाद हुसैन जिंदाबाद की धुनें बज रही थी।शहर में मेंहदी की ज़्यारत कर लोगों ने मन्नतें मांगी।जुलूस शहर के क़दीमी रास्तों से होता हुआ कटरा शहाब खां स्थित दरगाह वारसी पर समाप्त हुआ।जुलूस को शांतिपूर्ण तरीके से सम्पन्न कराने में जिला प्रशासन व पुलिस प्रशासन का पूर्ण रूप से सहयोग रहा तथा सुरक्षा के दृष्टीगत मेहंदी जुलूस के साथ फाइर ब्रिगेड,विधुत विभाग व एम्बुलेन्स भी मौजूद रही।इस मौके पर मुमताज चौधरी,राहत अली,हाजी दानिश वारसी,तहसीन इलाही वारसी,हाजी शहजाद वारसी एडवोकेट,कामरान वारसी,इलियास वारसी,रईसुद्दीन वारसी, इनायत उल्लाह वारसी,जलील वारसी,चमन वारसी,कामिल कुरैशी,चाँद वारसी,सोनू बशीर,जिमी बशीर,शकील वारसी,राजा वारसी,ज़ीशान वारसी,शाहिद वारसी,फैज़ान वारसी, फरीद वारसी,गफ्फार वारसी,डॉक्टर अयाज अली,इन्तिजार अहमद,शावेज नकवी,दरगाह शरीफ का समस्त स्टाफ के अलावा काफी संख्या में अकीदतमंद लोग मौजूद रहे।
