जसवंतनगर/इटावा। पूर्वी चंपारण जिले के उच्चीडीह गांव के रहने वाले बीए प्रथम वर्ष के छात्र अरमानुल्लाह युवाओं को स्वास्थ्य और फिटनेस के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से पिट्ठू बैग व पोस्टर लटकाकर अनोखी पदयात्रा पर निकले हैं। उन्होंने 3 जुलाई को अपने गांव से यात्रा शुरू की थी और अब उनकी पदयात्रा को एक माह पूरा हो चुका है। तहसील के निकट समाजसेवी प्रेम कुमार शाक्य व पीएलवी श्याम तिवारी तथा अन्य लोगों ने पदयात्री अरमानुल्लाह को जलपान कराकर उनका स्वागत किया और उनके अभियान की सराहना करते हुए लक्ष्य की सफल प्राप्ति के लिए शुभकामनाएं दीं।
अरमानुल्लाह का लक्ष्य 15 अगस्त को दिल्ली पहुंचकर स्वतंत्रता दिवस समारोह का साक्षी बनना है। इसके बाद वह अपनी पदयात्रा को आगे बढ़ाते हुए तमिलनाडु के लिए रवाना होंगे। यात्रा के दौरान वह लोगों को प्रतिदिन पैदल चलने, नियमित व्यायाम करने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश दे रहे हैं। उनका कहना है कि रोजाना कुछ दूरी पैदल चलने से शरीर स्वस्थ रहता है और अनेक बीमारियों से बचाव होता है।अरमानुल्लाह का सपना तमिलनाडु पहुंचकर वहां के मुख्यमंत्री से मुलाकात करना भी है। उनका मानना है कि यदि युवा अपनी दिनचर्या में पैदल चलने की आदत शामिल करें तो वे शारीरिक और मानसिक रूप से अधिक स्वस्थ रह सकते हैं।
साधारण परिवार से आने वाले अरमानुल्लाह के पिता दर्जी का कार्य करते हैं, जबकि उनकी माता गृहिणी हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद अरमान ने अपने संकल्प और आत्मविश्वास के बल पर यह लंबी पदयात्रा शुरू की है। उनकी यह पहल युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बनती जा रही है।
बिहार के छात्र अरमानुल्लाह की अनोखी पदयात्रा: दिल्ली होते हुए तमिलनाडु तक पहुंचाएंगे
